' विज्ञ' छन्द विज्ञान' ( छन्द ग्रन्थ)
. - : 'विज्ञ' छन्द विज्ञान' : -
. ------------ छन्द ग्रन्थ --------------
बाबू लाल शर्मा, बौहरा, 'विज्ञ' सिकंदरा, दौसा, राजस्थान के द्वारा रचित और श्री संजय कौशिक 'विज्ञात' जी, समालखा, पानीपत, हरियाणा द्वारा समीक्षित यह 'छन्द ग्रन्थ' छन्दशाला के समकालीन छंदकारों द्वारा परीक्षित एवं अनुमोदित ग्रन्थ है जो सन् २०२४ में प्रकाशित हो रहा है।
यह छन्द ग्रंथ लगभग १००० + पृष्ठों का है, इसमें ९०० से अधिक प्रकार के विविध छन्द मय विधान, मात्रा, गण, वर्ण, यति, गति, मापनी सहित उदाहरणार्थ सम्पूर्ण रचना के लिखे गये हैं। आपको प्रत्येक पृष्ठ पर मात्रा या वर्ण क्रमानुसार व्यवस्थित एक नया छंद मिलेगा।
मात्रिक छंद, वर्णिक छंद, सवैया, उपजाति सवैये, घनाक्षरी, पिरामिड, धनुष पिरामिड़, ताँका, सेदोका, हाइकु, सायली, माहिया, कह मुकरी, गीत, नवगीत, गीतिका, सजल, गजल, मुक्तक, रुबाई, सहित हिन्दी भाषा साहित्य के समस्त सनातनी छंद, नव अन्वेषित छंद, समस्त साहित्यिक विधाएँ एक साथ मय विधान एवं उदाहरण के व्यवस्थित रूप,सहज, और, सुबोध, ढंग से, एक ही 'छन्द ग्रन्थ' 'विज्ञ' छन्द विज्ञान' में उपलब्ध रहेगी। इस ग्रंथ से आप प्रत्येक छन्द, और प्रत्येक विधा सीख- समझ सकते हैं। लिख सकते हैं, गा सकते हैं।
आशा है, विश्वास है कि आप विद्यार्थियों, नवोदित साहित्यकारों, छन्दकारों, कवियों, गीतकारों, एवं सुधि पाठकों के लिए बहु उपयोगी सिद्ध होगी।
सम्पर्क सूत्र-
१. बाबू लाल शर्मा, बौहरा, विज्ञ - ९७८२९२४४७९
२. संजय कौशिक 'विज्ञात' - ७०१५५९८४७७
३. नीतू ठाकुर 'विदुषी' - ८४४६६४१८६८
Comments
Post a Comment